ज़ुबीन गर्ग का पार्थिव शरीर पहुंचा गुवाहाटी, अंतिम दर्शन के लिए उमड़ा जनसैलाब; VIDEO
असम के लोकप्रिय गायक जूबिन गर्ग का पार्थिव शरीर रविवार को गुवाहाटी लाया गया। हजारों प्रशंसक एयरपोर्ट और उनके घर के बाहर उमड़े। सुरक्षा के बीच पार्थिव शरीर को खेल परिसर में अंतिम दर्शन हेतु रखा गया। अंतिम संस्कार का निर्णय असम सरकार और परिवार चर्चा के बाद होगा।
Publish Date: Sun, 21 Sep 2025 10:56:47 AM (IST)
Updated Date: Sun, 21 Sep 2025 11:14:14 AM (IST)
HighLights
- गुवाहाटी पहुंचा जूबिन गर्ग का पार्थिव शरीर, भारी भीड़।
- एयरपोर्ट पर जयकारे और गीत गाते दिखे हजारों प्रशंसक।
- घर पर डेढ़ घंटे तक परिजनों ने श्रद्धांजलि दी।
एजेंसी, गुवाहाटी। असम के लोकप्रिय गायक और ‘किंग ऑफ हमिंग’ कहलाने वाले जूबिन गर्ग के निधन के बाद पूरे राज्य में शोक की लहर है। सिंगापुर में 19 सितंबर को उनका अचानक निधन हो गया था। रविवार को उनका पार्थिव शरीर गुवाहाटी लाया गया, जहां हजारों फैंस उन्हें अंतिम विदाई देने पहुंचे।
एयरपोर्ट पर उमड़ा जनसैलाब
लोकप्रिय गायक का पार्थिव शरीर लोकरप्रिय गोपीनाथ बोरदोलोई अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर उनकी पत्नी गरिमा सैकिया गर्ग और राज्य सरकार के वरिष्ठ प्रतिनिधियों ने प्राप्त किया। फूलों से सजे एंबुलेंस में पार्थिव शरीर को वीआईपी गेट से बाहर लाया गया। इस दौरान प्रशंसक “जय जूबिन दा” के नारे लगाते हुए और उनके गीत गाते नजर आए। भीड़ को नियंत्रित करने के लिए पुलिस को हल्का लाठीचार्ज भी करना पड़ा।
सुरक्षा व्यवस्था और पार्थिव शरीर का कार्यक्रम
गायक के घर के बाहर भारी सुरक्षा बल तैनात किए गए। परिवार के सदस्यों ने डेढ़ घंटे तक घर पर अंतिम दर्शन किए। इसके बाद पार्थिव शरीर को अर्जुन भोगेश्वर बरुआ खेल परिसर ले जाया गया, जहां सुबह 9 बजे से शाम 7 बजे तक प्रशंसक उन्हें श्रद्धांजलि देंगे।
VIDEO | Guwahati: Mortal remains of singer Zubeen Garg are being taken to his residence from the Guwahati airport.
Popular singer Zubeen Garg’s body was flown to Guwahati with Assam Chief Minister Himanta Biswa Sarma saying the casket could not be accommodated in any chartered… pic.twitter.com/IIvpEqS2hx
— Press Trust of India (@PTI_News) September 21, 2025
सरकारी सम्मान और अंतिम संस्कार की तैयारियां
- मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने दिल्ली जाकर पार्थिव शरीर को प्राप्त किया और सामान्य उड़ान से गुवाहाटी लाने की व्यवस्था की, क्योंकि चार्टर विमान में ताबूत नहीं समा पाया। राज्य सरकार ने घोषणा की है कि परिवार और संगठनों से चर्चा के बाद अंतिम संस्कार का स्थान और समय तय किया जाएगा। इस पर रविवार शाम कैबिनेट बैठक में निर्णय लिया जाएगा।
- जूबिन गर्ग ने तीन दशकों में 40 भाषाओं और बोलियों में 38,000 से अधिक गीत गाए, जिससे वे पूरे पूर्वोत्तर भारत और देशभर में लोकप्रिय हुए। उनके अचानक निधन ने संगीत जगत और उनके प्रशंसकों को गहरे सदमे में डाल दिया है।
(सौजन्य से): www.naidunia.com